Gratuity क्या है?
ग्रेच्युटी नौकरी में लंबी सेवा का इनाम है – कंपनी द्वारा 5 साल से ज़्यादा लगातार काम करने पर मिलने वाली एकमुश्त राशि (Payment of Gratuity Act, 1972 के तहत)। मौत या स्थायी अपाहिजता की स्थिति में 5 साल की शर्त हट जाती है। नया नियम (21 नवंबर 2025 से): Code on Social Security के तहत fixed-term कर्मचारियों को सिर्फ 1 साल की सेवा पर gratuity मिलती है, और नए 50% wage नियम से कई लोगों की gratuity बढ़ी है (भत्ते कुल वेतन के 50% से ज़्यादा हों तो अतिरिक्त हिस्सा wages में जुड़ता है)।
फॉर्मूला (Act से जुड़ी कंपनियों के लिए)
Gratuity = (आख़िरी Basic + DA) × 15 ÷ 26 × पूरे किए गए सेवा वर्ष
- 15 = हर साल सेवा के बदले 15 दिन का वेतन
- 26 = महीने के कार्य दिवस
- सेवा वर्ष गिनती में 6 महीने से ज़्यादा बचे हों तो अगला पूरा साल गिना जाता है (यह calculator अपने आप करता है)
- HRA, बोनस, भत्ते गिनती में नहीं आते – सिर्फ Basic + DA
उदाहरण: आख़िरी Basic+DA ₹50,000, सेवा 9 साल (7 महीने ज़्यादा) → 50,000 × 15 ÷ 26 × 9 = ₹2,59,615
टैक्स का नियम
| स्थिति | टैक्स-फ्री सीमा |
|---|---|
| निजी कंपनी (Act के तहत) | अधिकतम ₹20 लाख तक पूरी तरह टैक्स-फ्री (जीवन भर की कुल ग्रेच्युटी में); ऊपर वाली रकम slab के हिसाब से taxable |
| मौत/अपाहिजता | पूरी राशि टैक्स-फ्री (सीमा के बावजूद) |
| सरकारी कर्मचारी | नियम अलग – पूरी तरह छूट |
Gratuity कैसे निकालें?
- अपनी last drawn basic + DA (मासिक) भरें।
- सेवा के साल भरें (जैसे 9.6) – Act वाली कंपनी में 6 महीने से ज़्यादा बचे हों तो अगला साल गिना जाता है।
- Calculate दबाएं – (15/26) × salary × years फॉर्मूले से रकम।
- ₹20 लाख की सीमा याद रखें – private कर्मचारियों के लिए tax-free gratuity max ₹20 लाख।
- स्थायी कर्मचारी ने 5 साल से पहले नौकरी छोड़ी तो gratuity नहीं मिलती (मृत्यु/अपंगता अपवाद); fixed-term वालों के लिए 1 साल का नियम है।
Gratuity फॉर्मूला + उदाहरण
Gratuity = (15 ÷ 26) × अंतिम Basic+DA × सेवा वर्ष — 15 दिन का वेतन हर पूरे साल के लिए, 26 = महीने के working days।
Gratuity के ज़रूरी नियम
- 5 साल की शर्त – स्थायी कर्मचारी के लिए एक ही employer के पास लगातार सेवा (अदालती फैसलों में 4 साल 240 दिन भी मान्य); fixed-term कर्मचारी के लिए सिर्फ 1 साल।
- ₹20 लाख तक tax-free (private) – सरकारी कर्मचारियों को पूरी छूट।
- Nominee ज़रूर बनाएं – Form F भरकर HR को दें।
- 30 दिन में payment – देरी पर employer को ब्याज देना पड़ता है।
- न मिले तो शिकायत – Controlling Authority (Labour Dept) में free complaint होती है।
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल (FAQ)
Gratuity कब मिलती है?
स्थायी कर्मचारी को एक ही employer के पास लगातार 5 साल पूरे करने पर (कई हाईकोर्ट फैसलों के अनुसार 4 साल 240 दिन भी) – resignation, retirement या termination पर। नए Labour Code (21 नवंबर 2025 से) में fixed-term कर्मचारियों को 1 साल बाद ही gratuity मिलती है। मृत्यु/अपंगता में कोई न्यूनतम सेवा शर्त नहीं।
क्या gratuity पर tax लगता है?
Private कर्मचारियों को ₹20 लाख तक tax-free। सरकारी कर्मचारियों की पूरी gratuity tax-free है। सीमा से ऊपर की रकम salary की तरह taxable।
15/26 फॉर्मूले का मतलब?
हर सेवा-वर्ष के लिए 15 दिन का वेतन; 26 = महीने के working days (रविवार घटाकर)। Govt कर्मचारियों का फॉर्मूला अलग (1/4 × salary × छमाही अवधि) है।
Contract/fixed-term वालों को gratuity?
हाँ। Code on Social Security, 2020 (21 नवंबर 2025 से लागू) के तहत fixed-term कर्मचारियों को 1 साल की लगातार सेवा के बाद ही आनुपातिक (pro-rata) gratuity मिलती है – फॉर्मूला वही 15/26 वाला।
Employer gratuity न दे तो क्या करें?
30 दिन के बाद Controlling Authority (Assistant Labour Commissioner) को Form N में complaint करें – ये प्रक्रिया मुफ़्त है और ब्याज समेत payment का आदेश होता है।
सरकारी नियम, ब्याज दरें, फीस और तारीखें समय-समय पर बदलती रहती हैं। कोई भी फ़ैसला लेने से पहले नीचे दी गई आधिकारिक वेबसाइट पर ताज़ा जानकारी ज़रूर जांच लें: