✓ FOIR-आधारित अनुमान – असली मंज़ूरी बैंक के नियमों पर निर्भर · जांच: सितंबर 2026

🏦 Loan Eligibility कैलकुलेटर

अपनी आय से जानें – आप कितना लोन ले सकते हैं।

बैंक कितना लोन देगा – पीछे का गणित

बैंक सबसे पहले देखता है कि आपकी सारी EMI मिलाकर आय का 40–60% से ज़्यादा न हो (इस नियम को FOIR कहते हैं)। फिर बची हुई EMI क्षमता से उल्टा हिसाब लगाकर बताता है कि कितनी राशि का लोन उतनी EMI बना सकता है।

उदाहरण: ₹80,000 मासिक आय, पुरानी EMI ₹5,000, दर 8.5%, 20 साल, FOIR 50% → उपलब्ध EMI ₹35,000 → अनुमानित लोन ~₹40 लाख।

पात्रता बढ़ाने के 5 तरीके

💡 EMI और ब्याज का पूरा हिसाब EMI कैलकुलेटर से, प्रीपेमेंट बचत Prepayment कैलकुलेटर से, पूरी समझ होम लोन गाइड से।
⚠️ यह अनुमान है – बैंक आय की गिनती, उम्र, काम और नीति के हिसाब से अलग रकम दे सकता है।
🔒 आपका डेटा कहीं नहीं जाता – calculation आपके ब्राउज़र में ही होता है।

Loan Eligibility कैसे जानें?

  1. अपनी मासिक net आय (in-hand) भरें – bank इसी पर loan देता है।
  2. मौजूदा EMIs डालें – car/personal/credit-card सब जोड़कर।
  3. FOIR rule automatic लगेगा – सारी EMI आय के 40–50% से ऊपर नहीं।
  4. अवधि चुनें – लंबी अवधि = ज़्यादा loan amount (पर ज़्यादा ब्याज)।
  5. नतीजे में max loan + max EMI देखें – CIBIL 750+ पर best दर मिलेगी।

FOIR नियम – ₹60,000 salary पर कितना loan?

रकम
मासिक आय₹60,000
Max EMI (50% FOIR)₹30,000
मौजूदा EMI− ₹10,000
नए loan की गुंजाइश₹20,000/माह
💡 ₹20,000 EMI = 9% पर 20 साल में ~₹22 लाख home loan! Eligibility बढ़ानी हो तो co-applicant जोड़ें (पति-पत्नी की joint income) या छोटा existing loan पहले बंद करें।

Eligibility बढ़ाने के 5 तरीके

अक्सर पूछे जाने वाले सवाल (FAQ)

FOIR क्या होता है?

Fixed Obligation to Income Ratio – आपकी सारी EMIs (नए loan समेत) मासिक आय के 40–50% से ज़्यादा नहीं होनी चाहिए। Bank इसी से max loan तय करता है।

CIBIL score कितना चाहिए loan के लिए?

750+ best (सस्ती दर), 650–750 ठीक (ऊंची दर), 650 से कम पर rejection संभव। Home loan में कभी-कभी 650 पर भी मिलता है।

बिना salary-slip loan मिल सकता है?

मुश्किल – bank को income proof (slip/ITR/bank statement) चाहिए। Self-employed ITR (2–3 साल) से loan ले सकते हैं।

Co-applicant से क्या फायदा?

दोनों की income जुड़ती है → eligibility ~दोगुनी + home loan पर दोनों को tax छूट (co-owner होने पर)।

Eligibility और affordability में अंतर?

Eligibility = bank कितना देगा; affordability = आप कितना चुका सकते हो। हमेशा affordability (40% rule) से कम loan लें।

⚠️ ध्यान दें: यह calculator अनुमानित नतीजे देता है – असली आंकड़े बैंक/सरकारी नियमों पर निर्भर करते हैं। कोई भी आर्थिक फैसला लेने से पहले अपने बैंक या वित्तीय सलाहकार से पुष्टि करें। पूरा अस्वीकरण यहां पढ़ें।
📌 आधिकारिक स्रोत – ताज़ा नियम यहीं देखें

सरकारी नियम, ब्याज दरें, फीस और तारीखें समय-समय पर बदलती रहती हैं। कोई भी फ़ैसला लेने से पहले नीचे दी गई आधिकारिक वेबसाइट पर ताज़ा जानकारी ज़रूर जांच लें:

ज्ञा
Pawan Verma · GyanTools

यह गाइड Pawan Verma ने आधिकारिक स्रोतों से मिलान करके हिंदी में लिखी है। गलती दिखे तो संपर्क पेज पर ज़रूर बताएं।