EPF क्या है?
EPF (Employees' Provident Fund – कर्मचारी भविष्य निधि) नौकरीपेशाओं के लिए सरकार की अनिवार्य बचत योजना है, जिसे EPFO चलाता है। आपकी basic salary + DA का 12% आपका हिस्सा और 12% कंपनी का हिस्सा जमा होता है। कंपनी के हिस्से में से एक हिस्सा (₹15,000 वेतन सीमा तक 8.33%) EPS पेंशन में जाता है और बाकी PF खाते में।
मुख्य बातें (2026)
- FY 2025-26 ब्याज दर: 8.25% – लगातार तीसरा साल यही दर (मार्च 2026 में CBT ने तय, जून 2026 में सरकार से मंज़ूर)
- 7 करोड़ से ज़्यादा EPF सदस्यों को ब्याज जून–सितंबर 2026 के बीच credit हुआ
- 20+ कर्मचारियों वाली कंपनियों में अनिवार्य
- ब्याज हर महीने के running balance पर गणना होकर सालाना जुड़ता है
- UAN (Universal Account Number) से नौकरी बदलने पर भी खाता एक ही रहता है
- Withdrawal (5 साल सेवा के बाद) tax-free; balance check – EPFO की Passbook Lite सेवा से
यह calculator कैसे गणना करता है
हर महीने: आपका 12% + कंपनी का हिस्सा (12% में से EPS ₹15,000 सीमा तक 8.33% काटकर) जमा होता है, और running balance पर दर/12 का ब्याज लगता है। हर साल basic salary आपकी बताई वृद्धि दर से बढ़ती है। EPS में जाने वाला हिस्सा पेंशन के लिए अलग रहता है – इसलिए इसे PF कॉर्पस में नहीं जोड़ा गया है।
EPF बनाम दूसरी बचतें
EPF (8.25%) पूरी तरह tax-free और सरकारी गारंटी वाली है – इसलिए इसे retirement की रीढ़ मानें। पुराने tax regime में deduction के लिए PPF (PPF कैलकुलेटर) भी देखें। पेंशन योजनाओं की पूरी जानकारी NPS पेंशन गाइड और ग्रेच्युटी का हिसाब Gratuity कैलकुलेटर से लगाएं। कुल CTC का टैक्स हिसाब Income Tax कैलकुलेटर पर।
EPF Corpus कैसे निकालें?
- अपना monthly basic + DA भरें (PF इसी पर कटता है)।
- सालाना increment % डालें – basic बढ़ेगा तो PF भी बढ़ेगा।
- ब्याज दर 8.25% (2026) set है – EPFO हर साल घोषित करता है।
- नौकरी के बचे साल डालें – 58 साल (retirement) तक का हिसाब।
- नतीजे में आपका हिस्सा + company हिस्सा + ब्याज = retirement corpus!
EPF का बंटवारा – ₹40,000 basic पर (मासिक)
| हिस्सा | रकम/माह | कहां जाता है |
|---|---|---|
| आपका (12%) | ₹4,800 | EPF (ब्याज समेत) |
| Company (3.67%) | ₹1,468 | EPF |
| Company (8.33%)* | ₹3,332 | EPS (पेंशन) |
*EPS हिस्सा ₹15,000 wage-ceiling पर capped (max ₹1,250/माह)। नए Labour Codes में basic 50% होने से PF कटौती + corpus दोनों बढ़ेंगे।
EPF के 6 ज़रूरी नियम
- UAN + KYC – Aadhaar/PAN/bank link रखें, तभी online निकासी होगी।
- Transfer, not withdraw – job change पर Form 13 से transfer करें।
- 5 साल बाद tax-free – 5 साल से पहले निकासी पर TDS + tax लग सकता है।
- VPF option – EPF से ज़्यादा (VPF) जमा करके 8.25% पा सकते हैं।
- EPS पेंशन – 10+ साल सेवा पर 58 के बाद मासिक पेंशन।
- 2026 Scheme – नए EPF rules/updates के लिए epf-pf-guide blog देखें।
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल (FAQ)
EPF interest rate 2026 क्या है?
FY 2025-26 के लिए 8.25% घोषित। EPFO हर साल rate तय करता है और ब्याज सालाना credit होता है।
नौकरी बदलने पर PF का क्या करें?
Withdraw नहीं – UAN portal/UMANG से Form 13 भरकर नए employer को transfer करें। ब्याज और सेवा अवधि दोनों जुड़े रहते हैं।
PF कब निकाल सकते हैं?
Retirement/resignation के 2 महीने बाद पूरा; बीच में घर, इलाज, पढ़ाई, शादी जैसे कारणों से partial withdrawal (Form 31)।
PF निकासी पर tax कब लगता है?
5 साल की कुल सेवा से पहले निकासी पर TDS (10%, PAN हो तो) + slab tax। 5 साल बाद पूरी निकासी tax-free।
EPS और EPF में क्या अंतर?
EPF = आपका retirement fund (lump-sum), EPS = पेंशन scheme (10+ साल सेवा पर 58 के बाद मासिक पेंशन)। Company के 12% में से 8.33% EPS में जाता है।
सरकारी नियम, ब्याज दरें, फीस और तारीखें समय-समय पर बदलती रहती हैं। कोई भी फ़ैसला लेने से पहले नीचे दी गई आधिकारिक वेबसाइट पर ताज़ा जानकारी ज़रूर जांच लें: